Wednesday, November 6, 2024

पंक्तियां


कभी पूछो जरा लेखकों से,

उनके जीवन में ये कितना महत्व रखता है।

वो खाना घूमना सब भूल सकते है,

पर कविता लिखे बिना उन्हें सुकून नहीं मिलता है।

 

एक कवि का प्यास उनके कविता से मिटता है,

बिना लिखे उनका दिन अधूरा सा बीतता है।

ये एक बेहतरीन जरिया माना जाता है,

कई सामाजिक संदेश इस माध्यम से पहुंचाया जाता है।

 

कुछ पंक्तियों में ही सारी कहानी बयां होती है,

जो बता ना सके वो एहसास लिखी जाती है।

ये कविताओं की ही तो विशेषता है,

जो नहीं भी पढ़ता हो, उसके मन को भी भा जाती है।


*****

गुमान


सब मुझपर करते है गुमान,

दिल से करता हूँ मैं उनका सम्मान।

भरोसा रखते है जो मुझपर,

तोडूंगा ना उसको, होगा सबका कल्याण।

 

बहुत लोग तो भटक जाते है,

इतने नाम सम्मान पाने से।

मैं तो स्थिर हूँ अपने निर्णय पर,

कोई रोक ना सकता मुझे मुकाम पाने से।

 

क्यों ना हो मुझे खुद पर गुमान,

जब मैं रखता हूँ सबका मान।

परिस्थिती चाहे हो कैसी भी,

सबसे पहले आएगा दूसरों का आत्म सम्मान।

 

*****

उसके आने की खबर


उसके आने की खबर सुन,

मैं तो बावली हो गई।

पढ़ाई-लिखाई छोड़ कर,

मैं तो सजने-संवरने लगी।

अपने दोस्तो के सामने,

मेरी तो हँसी-ठिठोली हो गई।

सामने कॉपी और हाथ में कलम लिए,

मैं उसके ख्यालो मैं खो गई।

कई महीनो से उसे देखने की चाह,

अब होने जा रही हैं पूरी।

घूमना-फिरना, मौज-मस्ती,

सोचते रहती, कुछ रह ना जाए अधूरी।

हाल, पार्क हो या क्लब, रेस्टरां,

यारों की तरह अब मैं भी घूमूँगी।

उसके आने से ले कर जाने तक,

हर पल उसके साथ रहूँगी।


*****